Ticker

6/recent/ticker-posts

Header Ads Widget

कोरोना से बचाव के लिए स्कूल सुरक्षा उपाय और सावधानियां

 कोरोना से बचाव के लिए तीन लेयर वाले रीयूजेबल मास्क पहनने की सलाह दी गई है। अच्छी क्वालिटी का सर्जिकल मास्क या कपड़े का मास्क पहनने से आप कोरोना और वायु प्रदूषण दोनों से बच सकते हैं।

मास्क पहनते वक्त

मास्क पहनना अनिवार्य है ऐसे में सुनिश्चित करें कि आपके बच्चे के लिए कई क्लॉथ फेस मास्क उपलब्ध हों। हर दिन एक बैंक-मास्क रखना महत्वपूर्ण है और उन्हें अपने मास्क को स्टोर करने के लिए एक बैग भी प्रोवाइड करना चाहिए।


मास्क पहनना अनिवार्य है ऐसे में सुनिश्चित करें कि आपके बच्चे के लिए कई क्लॉथ फेस मास्क उपलब्ध हों। हर दिन एक बैक-मास्क रखना महत्वपूर्ण हें और उन्हें अपने मास्क को स्टोर करने के लिए एक बैग भी प्रोवाइड करना


वेटिंग एरिया की व्यवस्था करें

स्कूलों/कॉलेजों को एक विशेष वेटिंग रूम की व्यवस्था करनी चाहिए जहां बच्चे प्रतीक्षा कर सकें। यह कमरा अच्छी तरह हवादार होना चाहिए। यदि छात्र बीमार हो जाते हैं या कोविड-19 के लक्षण दिखते हैं, तो उन्हें अपने माता-पिता द्वारा ले जाए जाने तक प्रतीक्षालय में इंतजार करना चाहिए। कमरे को साफ, कीटाणुरहित और साफ किया जाना चाहिए।


हाथों की स्वच्छता

बच्चों को बाथरूम का उपयोग करने, खाने से पहले, बाहर खेलने से पहले, और खांसने, छींकने या उनकी नाक बहने के बाद अपने हाथों को धोना याद दिलाएं।


हैंडवाशिंग के लिए पांच स्टेप सिखाएं

बहते पानी से हाथ घोएं

हाथ धोने के लिए पर्याप्त साबुन

बहते पानी से अच्छी तरह से कुल्ला करें

कम से कम 20 सेकंड के लिए हाथों की सभी सतहों को स्क्रब करें

एक साफ कपड़े या एकल उपयोग वाले तौलिये से हाथ पोछे

सुरक्षित दूरी का अभ्यास करें


जब भी संभव हो छात्र 5 फीट की दूरी का पालन करें। कक्षा में, 3 से 5 फीट की दूरी पर बैठने की जगह बनाना और छात्रों को कपड़े से चेहरा ढंक कर रखने से कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने में मदद मिलेगी।


साफ और कीटाणुरहित

बार-बार छुई जाने वाली सतहों की सफाई और डिसइंफेक्शन से बीमारी के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती हैं। इसमें डोर नॉब्स, कीबोर्ड, टैबलेट और फोन जैसे अक्सर छुए जाने वाले आइटम शामिल हैं।


जोखिम कम करने के तरीके

क्लासेज की बजाय, जितना संभव हो बाहरी गतिविधियों को बढ़ाएं

कैफेटेरिया के बजाय कक्षा में भोजन करें

जो भी शैक्षिक परिसर में प्रवेश करे, उसे हाथ धोने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए

कॉलेज में बच्चों की बजाय टीचर्स रूम बदलें

छात्र कहां खड़े हों और कहां चलें इसके लिए फ्लोर पर मार्क करना चाहिए


अगर बीमार हैं तो घर पर रहें

कोविड-19 या अन्य बीमारी के लक्षणों के लिए छात्रों की हर रोज निगरानी की जानी चाहिए। यदि छात्रों को बुखार, बहती नाक, खांसी, गले में खराश, सांस की तकलीफ, थकान, सिरदर्द, दस्त, गंध/स्वाद की हानि, पेट दर्द या कंजेक्टिवाइटिस आदि जैसी कोई भी बीमारी है तो उन्हें घर में रहने की सलाह दी जानी चाहिए।

Post a Comment

0 Comments